दतिया विधानसभा उपचुनाव से पहले कांग्रेस के पूर्व विधायक राजेंद्र भारती को दिल्ली हाईकोर्ट से बड़ा झटका लगा है । बैंक एफडी घोटाला मामले में हाईकोर्ट ने उनकी याचिका खारिज कर दी है, जिससे निचली अदालत द्वारा सुनाई गई तीन साल की सजा फिलहाल बरकरार रहेगी । इस मामले में दिल्ली की एमपी-एमएलए कोर्ट ने 2 अप्रैल को राजेंद्र भारती को तीन वर्ष की सजा सुनाई थी। इसके बाद मध्य प्रदेश विधानसभा सचिवालय ने उनकी विधानसभा सदस्यता समाप्त कर दी थी। इसी आदेश और दोषसिद्धि पर रोक लगाने की मांग को लेकर उन्होंने दिल्ली हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया था । सुनवाई के दौरान वरिष्ठ अधिवक्ता पी. चिदंबरम ने राजेंद्र भारती की ओर से दलील दी कि यह मामला आपराधिक नहीं बल्कि सिविल प्रकृति का है। उन्होंने कहा कि बैंक पहले भी इस विवाद को सिविल मामला मानते हुए सुप्रीम कोर्ट गया था, जहां दोनों पक्षों के बीच समझौता हुआ था। हालांकि हाईकोर्ट ने इन दलीलों को स्वीकार नहीं किया और सजा पर रोक लगाने से इनकार कर दिया।








