डबरा में नवग्रह शक्तिपीठ प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव का भव्य आयोजन श्रद्धालुओं की आस्था और भक्ति से रंगीन माहौल में संपन्न हुआ। इस अवसर पर मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव विशेष रूप से उपस्थित हुए और विधि-विधान से पूजा-अर्चना कर प्रदेश की सुख-समृद्धि और विकास की कामना की। मुख्यमंत्री ने नवग्रह शक्तिपीठ का किया भव्य निरीक्षण और व्यवस्थाओं की सराहना”आपने जंगल में मंगल कर दिया” – मुख्यमंत्री ने नरोत्तम मिश्रा के प्रयासों की जमकर की तारीफ राम कथा का श्रवण कर मुख्यमंत्री ने जताई अपनी श्रद्धा और आस्था भक्तिमय माहौल में मंदिर महोत्सव संपन्न, सुरक्षा और व्यवस्था रही पूरी तरह सुव्यवस्थितमुख्यमंत्री ने मंदिर परिसर का विस्तृत निरीक्षण किया और वहां की व्यवस्थाओं की सराहना की। उन्होंने कहा कि यह शक्तिपीठ बहुत कम समय में प्रदेश और देशवासियों की आस्था का बड़ा केंद्र बनकर उभरा है। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि यह मंदिर केवल ग्वालियर-चंबल संभाग ही नहीं, बल्कि पूरे देश के लिए गर्व और गौरव का विषय बनेगा।

पूर्व गृहमंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्रा ने मुख्यमंत्री का स्वागत किया। उनके मार्गदर्शन में मंदिर परिसर की व्यवस्थाओं और सुरक्षा के इंतजामों का जायजा लिया गया। मुख्यमंत्री ने उनके प्रयासों की सराहना करते हुए मंच से कहा, “आपने तो जंगल में मंगल कर दिया।” इस बात पर उपस्थित जनसमूह ने तालियों के साथ उत्साहपूर्वक स्वागत किया।

मुख्यमंत्री ने नवग्रहों के दर्शन करने के बाद प्रसिद्ध कवि और कथावाचक कुमार विश्वास की राम कथा का श्रवण किया। उन्होंने इस अवसर पर कुमार विश्वास से व्यक्तिगत मुलाकात की और महाशिवरात्रि के पावन पर्व पर राम कथा सुनने को अपना सौभाग्य बताया। उनके आस्था और भक्तिभाव ने पूरे आयोजन को और भव्य और प्रेरणादायक बना दिया।
कार्यक्रम के दौरान श्रद्धालुओं की बड़ी संख्या ने मंदिर परिसर और आसपास के क्षेत्र को भक्तिमय रंग में रंग दिया। मंदिर में पूजा, आरती और अन्य धार्मिक अनुष्ठानों का क्रम पूरी तरह व्यवस्थित रहा। प्रशासन ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए ताकि श्रद्धालु सुरक्षित रूप से दर्शन कर सकें।

भक्तिमय माहौल, मंत्रोच्चार और भव्य शृंगार ने इस धार्मिक आयोजन को यादगार बना दिया। मुख्यमंत्री की सक्रिय भागीदारी, उनके संदेश और उनकी आस्था ने न केवल इस महोत्सव को और अधिक महत्वपूर्ण बनाया, बल्कि यह प्रदेशवासियों के लिए आस्था, संस्कृति और परंपरा का जीवंत अनुभव बन गया।डबरा का यह नवग्रह शक्तिपीठ महोत्सव आज केवल धार्मिक आयोजन नहीं है, बल्कि यह आस्था, परंपरा और समाज में सकारात्मक ऊर्जा का प्रतीक बनकर उभरा है। मुख्यमंत्री के दृष्टिकोण और सक्रिय भागीदारी ने पूरे आयोजन को गौरव और प्रेरणा का केंद्र बना दिया।श्रद्धालुओं के जोश और उत्साह, मंदिर की भव्य सजावट, पूजा और कथा का संगम, और मुख्यमंत्री के मार्गदर्शन ने डबरा के इस महोत्सव को प्रदेश और देश में आस्था का अद्वितीय उदाहरण बना दिया।








