मध्यप्रदेश सरकार आज एक अनोखी पहल करने जा रही है। मुख्यमंत्री मोहन यादव अपने पूरे मंत्रिमंडल के साथ बड़वानी जिले नागलवाड़ी स्थित बाबा भिलटदेव मंदिर में बैठक करेंगे। बैठक से पहले मुख्यमंत्री और मंत्रीगण बाबा भिलटदेव के चरणों में पूजन-अर्चन करेंगे।
बहुल जनजातीय आबादी क्षेत्र नागलवाड़ी अपने 800 वर्ष पुराने भीलट देव मंदिर के लिए प्रसिद्द है, यह मंदिर स्थानीय जनजाति की आस्था का प्रमुख केंद्र मन जाता है, यहां होने जा रही प्रदेश की पहली कैबिनेट बैठक के बाद सभी मंत्रीगण भीलट देव के दर्शन करेंगे, मालवा तथा निमाड़ के देवता के पवित्र स्थान पर एक नयी शुरुआत करना संस्कृति और भविष्य की खास सम्भवनाओं के लिए काफी महत्व रखता है
बैठक में चर्चा के मुख्य बिंदु
बैठक में खास बिन्दुओ पर चर्चा की जाएगी जिसमे किसानो के लिए नयी सौगातें,सब्सिडी, कृषि उपकरणो की उपलब्धता, किसानो के हित के लिए कई साडी नई योजनाओ पर खास चर्चा की जाएगी
इन घोषणाओं की है बैठक में संभावना
सिंचाई सुविधाओं का विस्तार और नहरों का आधुनिकीकरण।
फसल बीमा योजनाओं को और सरल बनाने की पहल।
ग्रामीण क्षेत्रों में कृषि आधारित उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए विशेष पैकेज।
किसानों को आधुनिक तकनीक और प्रशिक्षण उपलब्ध कराने के लिए नए केंद्रों की स्थापना।
बैठक का खास सन्देश
इस बैठक का स्थान भी खास है। बाबा भिलटदेव को आदिवासी समाज का संरक्षक देवता माना जाता है। मंदिर में बैठक कर सरकार यह संदेश देना चाहती है कि वह परंपरा और आधुनिकता को साथ लेकर चल रही है।
यह आयोजन न केवल धार्मिक आस्था से जुड़ा है बल्कि किसानों और ग्रामीण जनता को सीधे लाभ पहुँचाने वाली योजनाओं की घोषणा का मंच भी बनेगा।








